घरेलू कलह और अवैध संबंधों का खौफनाक सच: पति लाया घर में दूसरी महिला

घरेलू कलह और अवैध संबंधों का खौफनाक सच: पति लाया घर में दूसरी महिला

⚫ विरोध करने पर पत्नी का दबाया गला

⚫ जान से मारने की दी धमकी

हरमुद्दा
​रतलाम, 16 अक्टूबर। जिले के ताल थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम थम्बगुराड़िया से एक ऐसा मामला सामने आया है, जो रिश्तों की मर्यादा और विश्वास को तार-तार कर रहा है। बीस साल का सुखी वैवाहिक जीवन बिताने के बाद एक महिला को तब गहरा आघात लगा, जब उसे पता चला कि उसके पति ने घर में दूसरी महिला को शरण दे दी है। जब पीड़िता ने इस बात का विरोध किया, तो उसे गालियां दी गईं, थप्पड़ मारे गए और यहां तक कि गला दबाकर जान से मारने की धमकी भी दी गई।


​क्या है पूरा मामला?

पीड़िता सुनीता (32), जो कि ग्राम थम्बगुराड़िया की रहने वाली हैं, ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया कि उनकी शादी करीब 20 साल पहले शांतिलाल पाटीदार के साथ हुई थी। इस दंपती के दो बच्चे भी हैं—एक 15 साल का बेटा और 12 साल की बेटी।
​पीड़िता करीब एक साल पहले काम के सिलसिले में मनावर चली गई थीं। जब वह तीन महीने पहले वापस अपने घर लौटीं, तो उन्हें पता चला कि उनके पीछे से उनके पति शांतिलाल ने एक अन्य महिला को अपने घर में बसा लिया है।

विरोध करने पर भड़का पति, की मारपीट

घटना का दिन: बीते 24 सितंबर को जब शांतिलाल घर नहीं पहुंचे, तो पीड़िता उन्हें तलाशते हुए दूसरे घर जा पहुंची।

विवाद की शुरुआत: वहां शांतिलाल के साथ वह दूसरी महिला भी मौजूद थी। जब पीड़िता ने अपने पति से वहां रहने की वजह पूछी, तो दोनों आग बबूला हो गए।

गाली-गलौज और मारपीट

विरोध करने पर आरोपियों ने पीड़िता के साथ अभद्र भाषा का प्रयोग किया। जब उसने गालियां देने से मना किया, तो पति शांतिलाल ने आपा खोते हुए उसका गला दबा दिया और थप्पड़ों से बुरी तरह पीटा।

'जान से खत्म कर देंगे' की धमकी

मारपीट के दौरान आरोपियों ने पीड़िता को धमकाते हुए कहा कि "आज के बाद यदि तू यहां आई, तो तुझे जान से खत्म कर देंगे।"
​इस बीच, गनीमत यह रही कि मौके पर पहुंचे अहसान मेवाती (निवासी आलोट) और परिवार के अन्य लोगों ने बीच-बचाव कर मामला शांत कराया, वरना बड़ी अनहोनी हो सकती थी। पीड़िता की शिकायत पर ताल थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मामला दर्ज कर लिया है और आगे की जांच शुरू कर दी है।
​यह घटना समाज में बढ़ रहे पारिवारिक तनाव और रिश्तों में संवेदनशीलता की कमी का एक गंभीर उदाहरण पेश करती है, जहां बीस साल का रिश्ता इस तरह की प्रताड़ना की भेंट चढ़ रहा है।