मुद्दे की बात : रतलाम जिला अभिभाषक ने पास किया जनहितैषी प्रस्ताव, पेयजल एवं बढ़ते स्ट्रीट डाग की समस्या खत्म करें नगर निगम
⚫ नगर निगम आयुक्त को दिया सूचना पत्र
⚫ 30 दिन में नहीं हुआ समस्या का समाधान, तो होगी कानूनी कार्रवाई
हरमुद्दा
रतलाम, 5 जनवरी। स्वच्छ पेयजल एवं बढ़ते स्ट्रीट डाग की बढ़ती समस्या के जनहितैषी मुद्दे को रतलाम जिला अभिभाषक संघ ने गंभीरता से लिया है। इस मुद्दे पर प्रस्ताव पारित कर नगर निगम आयुक्त को सूचना पत्र भेजा है। 30 दिन में समस्या का समाधान नहीं हुआ तो कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उल्लेखनीय है कि शहर के दर्जनों मोहल्ले में बदबूदार गंदा पानी वितरित हो रहा है, वहीं अधिकांश क्षेत्रों में मिट्टी मिला गंदा पानी नलों से रहा है। रात भर श्वान भी भोंकते रहते हैं। आम जन सो नहीं पाते है। इसी बात को ध्यान में रखते हुए जिला अभिभाषक संघ जागरूक हुआ।

जिला अभिभाषक संघ के अध्यक्ष राकेश शर्मा ने बताया कि नगर निगम आयुक्त अनिल भावना को भेजे गए सूचना पत्र के माध्यम से स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराना और स्ट्रीट डॉग समस्या के समाधान की बात की है।
जिम्मेदारों पर कार्रवाई जरूरी
श्री शर्मा ने बताया कि निगरानी को भेजे गए सूचना पत्र में
रतलाम शहर को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराना नगर पालिक निगम रतलाम का मुख्य दायित्व है तथा स्वच्छ पेयजल उपलब्ध न कराने पर संबधित विभाग व जिम्मेदार अधिकारियो पर प्रशासनिक एवं अपराधिक कार्रवाई की जाना अत्यन्त आवश्यक है, लेकिन नगर पालिका निगम रतलाम इस बाबत् पूर्णतः निष्क्रिय है। साथ ही नगर पालिका निगम स्वच्छ पेयजल रतलाम शहर के नागरिकों से प्रतिमाह 175 रुपए बसूलता है। ऐसे मै रतलाम शहर के नागरिको को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध न कराना नगर पालिका निगम द्वारा एवं संबंधित अधिकारियों एवं प्रतिनिधियों द्वारा जनता के साथ धोखाधड़ी करने की श्रेणी में आता है। ऐसे अधिकारियों पर तुरन्त कार्रवाई की जाए। स्वच्छ पेयजल रतलाम शहर के प्रत्येक नागरिक को उपलब्ध कराया जाए।
तो सभी होंगे गैर इरादतन हत्या के जिम्मेदार
स्वच्छ पेयजल उपलब्ध न कराने तथा दूषित जल का सेवन करने से जो भी जनहानि होती है, उसका सम्पूर्ण दायित्व आपका एवं नगर पालिका निगम रतलाम के संबंधित अधिकारी का होगा। दूषित पेयजल से रतलाम शहर में किसी भी नागरिक की मृत्यु होती है तो ऐसी स्थिति में संबंधित सभी नगर निगम के व्यक्ति गैर इरादतन हत्या के अपराध के जिम्मेदार होगी।
स्ट्रीट डॉग के कारण बढ़ रही है डॉग बाइट की समस्या

रतलाम शहर मे स्ट्रीट डाग की संख्या भी लगातार बढ़ रही है तथा डाग बाईट के केस भी निरन्तर बढ रहे है। सुप्रीम कोर्ट के सख्त आदेश के बावजुद भी नगर पालिका निगम रतलाम को अवेहलना तो कर ही रहा है साथ ही नागरिकों के जीवन को भी संकट मे डाल रहा है। शहर के सभी इलाको यहा तक की न्यायालय परिसर पुराने कलेक्टोरेट में भी स्ट्रीट डाग आए दिन नागरिकों के जीवन को संकट मे डाल रहे है। शहर के कई मोहल्लों में रातभर श्वान भोंकते रहते हैं। शहरवासी चैन की नींद नहीं सो पाते हैं। बच्चे अकेले जा नहीं सकते। श्वान उनके पीछे लपकते हैं। यहां तक की वाहन चालकों के पीछे भी लपका रहे हैं इस कारण दुर्घटना भी हो रही है। डॉग बाइट्स के प्रकरण में भी इजाफा हुआ है।
श्वान बघियाकरण की योजना केवल कागजों पर
नगर पालिका निगम रतलाम केवल खानापूर्ति कर श्वानों के बघियाकरण की योजना चला रहा है। यह योजना केवल कागजी खानापूर्ति होकर केवल भष्टाचार को भेट चढा हूंआ है उक्त भष्टाचारी गतिविधियो के कारण शहर मे लगातार श्वानों की संख्या बढती जा रही है। इस पर भी दोषियों पर सख्त कार्रवाई जाए।
अन्यथा होगी कानूनी कार्रवाई
नगर निगम आयुक्त को भेजे गए सूचना पत्र के माध्यम से बताया गया है कि जन हितैषी मुद्दे की दोनों समस्याओ का आगामी 30 दिवस में समाधान किया जाए। अन्यथा हमे कानूनी कार्रवाई करने के लिए बाध्य होना पड़ेगा।
Hemant Bhatt