अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझी : शिक्षिका के मर्डर की मास्टरमाइंड निकली नौकरानी और उसकी बेटी
⚫ बेटी मोना ने सागर को बताएं शिक्षिका के घर के सभी भेद
⚫ भागते हुए आरोपी सागर ने पुलिस टीम पर किया हमला, टी आई घायल
⚫ आरोपी के भी पैर में मारी गोली
⚫ आरोपी के कब्जे से ज्वेलरी और मोबाइल जब्त
हरमुद्दा
रतलाम, 26 नवंबर। सेवा निवृत शिक्षिका का मर्डर करने में उसकी नौकरानी महिला और उसकी बेटी मास्टरमाइंड निकली। बेटी ने अन्य युवक के सहयोग से लूट और हत्या करवाई। आरोपी को जब पुलिस ने पकड़ लिया तो वह टीआई की पिस्टल छीन कर भागने लगा। इस घटना में जहां टीआई घायल हुआ, वही आरोपी के पैर में गोली मारी। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से ज्वेलरी सहित अन्य सामग्री जब्त की है। फिलहाल आरोपी मेडिकल कॉलेज में भर्ती है।

पुलिस अधीक्षक अमित कुमार पत्रकारों को जानकारी देते हुए
बुधवार को पुलिस कंट्रोल रूम पर हुई प्रेस वार्ता में पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने बताया कि सनसनीखेज वारदात को अंजाम देने में घर की नौकरानी लीला डामोर और उसकी बेटी मोना ने षडयंत्र रचा। मोना ने योजना सागर पिता महेश मीणा को बताई। दो-तीन बार पहले असफल प्रयास हुए।
भतीजे ने की रिपोर्ट

मृतक सरला धनेटवाल
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि थाना औद्योगिक क्षेत्र रतलाम पर फरियादी विनीत पिता ओमप्रकाश जायसवाल द्वारा सूचना दी गई कि मीराकुटी लक्ष्मणपुरा निवासी फरियादी की बुआ सरला धनेटवाल (68) की उसके घर में ही बाथरूम के गला रेत कर हत्या कर दी। घर से मोबाइल, सोने चांदी के आभूषण एवं नकदी लूट कर कोई अज्ञात बदमाश फरार हो गया है। सूचना पर प्रकरण क्रमांक 879/25 धारा 103(1), 309(2), 331(8) का पंजीबद्ध कर जांच प्रारंभ की गई।
किया घटनास्थल का निरीक्षण

पुलिस अधीक्षक के साथ पुलिस टीम
घटना की गंभीरता के दृष्टिगत पुलिस अधीक्षक ने वरिष्ठ अधिकारियों, एफएसएल अधिकारी, फिंगरप्रिंट, सायबर टीम के साथ घटना स्थल का निरीक्षण किया गया। पुलिस अधीक्षक के निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रतलाम (शहर) राकेश खाखा के मार्गदर्शन में नगर पुलिस अधीक्षक सत्येन्द्र घनघोरिया के नेतृत्व में विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया। पुलिस टीम द्वारा घटनास्थल का सूक्ष्मता से निरीक्षण कर भौतिक एवं वैज्ञानिक साक्ष्यों को एकत्रित किया। घटना स्थल से मृतिका का मोबाइल, सोने चांदी के जेवर सहित समान भी गायब होने की पुष्टी हुई।
नौकरानी लीला और उसकी बेटी मोना आती थी काम करने
मृतक महिला शिक्षिक के पद से रिटायर्ड हुई है। मृतिका के पति की पूर्व में ही मृत्यु हो जाने तथा कोई संतान नहीं होने से महिला घर अकेली ही रहती थी। मृतिका के घर में एक नौकरानी लीला डामर काम करने आती थी। महिला के भाई, बहन सहित अन्य परिजनों के बयान एवं घटना स्थल से मिले साक्ष्यों, सीसीटीवी कैमरे के आधार पर जांच प्रारंभ की गई। आसपास के सीसीटीवी कैमरों की गहनता से चेकिंग करने पर दिखे संदिग्ध व्यक्तियों से पूछताछ की गई। इस दौरान सीसीटीवी के आधार पर एक संदिग्ध की पहचान सागर पिता महेश मीणा (38) निवासी बिरलाग्राम उज्जैन हाल मुकाम ग्राम खवासा थाना थांदला जिला झाबुआ के रूप में हुई।
घेराबंदी कर लिया आरोपी को कब्जे में

आरोपी के कब्जे से जब्त की गई सामग्री
पुलिस टीम द्वारा आरोपी की तलाश करते मुखबिर द्वारा आरोपी के रावटी थाना क्षेत्र अंतर्गत रानीसिंग रोड मलवासी के जंगल में छुपे होने की सूचना मिली। पुलिस टीम द्वारा घेराबंदी कर आरोपी को हिरासत में लिया। आरोपी सागर से पूछताछ करने पर उसने महिला की हत्या ककर लूट की घटना कारित करना स्वीकार किया। आरोपी के पास से मृतिका के घर से लूटे गए गहने और मोबाइल फोन बरामद किया गया।
आरोपी ने पुलिस पर हमला कर भागने का किया प्रयास
आरोपी को गिरफ्तार कर हथकड़ी लगाने के दौरान शातिर आरोपी सागर द्वारा उप निरीक्षक अनुराग यादव से पिस्टल छुड़ाकर पुलिस टीम पर फायर कर भागने लगा। पुलिस टीम से निरीक्षक सत्येंद्र रघुवंशी द्वारा पुलिस टीम की सुरक्षा के दृष्टिगत आरोपी सागर के पैर में गोली मारी, जिससे आरोपी नीचे गिरा। पुलिस टीम द्वारा काबू में लेकर पिस्टल छुड़ाई गई। इस दौरान झूमझटकी में उप निरीक्षक यादव घायल हुए। घायल उप निरीक्षक यादव एवं शातिर आरोपी सागर मीणा को मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया। आरोपी सागर मीणा के विरुद्द थाना रावटी पर अपराध क्रमांक 597/25 धारा 109(1), 115(2), 309(4) का पंजीबद्ध किया गया।
हत्या का कारण
आरोपी सागर पिता महेश मीणा मूलतः उज्जैन जिले के बिरलाग्रम का निवासी है। जो कि पिछले 03 वर्षों से ग्राम खवासा जिला झाबुआ में किराए के मकान में रहने के दौरान वह मृतिका की नौकरानी लीला डामोर की पुत्री मोना डामर के संपर्क में आया था। लीला एवं मोना द्वारा आरोपी को मृतिका के बारे में जानकारी दी गई थी। आरोपी शातिर अपराधी है जिस पर पूर्व में भी चोरी के अपराध पंजीबद्ध है। आरोपी 3–4 दिन से घटना को अंजाम देने की फिराक में था। 23–24 नवंबर की दरमियान रात्रि में आरोपी महिला के घर में चोरी के इरादे से ऊपर छत के रस्ते से घुसा।
तलाशने में हुई काफी कठिनाई
महिला द्वारा रात्रि में जब बाथरूम गई थी, उसी दौरान महिला पर चाकू से हमला कर गला रेत कर हत्या कर दी। जिसके बाद मोबाइल, ज्वेलरी एवं नगद रुपए बटोरकर फरार हो गया। वर्तमान में आरोपी का कोई निश्चित ठिकाना नही था । इसके परिवार में भी कोई नही होने से इसका कोई निश्चित ठिकाना नहीं होने के कारण, पुलिस को तलाशने में काफी कठिनाईयों का सामना किया।
गिरफ्तार आरोपी
⚫ सागर उर्फ़ बंटी पिता महेश मीणा (38) निवासी बिरलाग्राम उज्जैन। हाल मुकाम ग्राम खवासा, बामनिया, जिला झाबुआ
⚫ लीलाबाई पति शांतिलाल डामर (49) निवासी न्यू रेलवे कॉलोनी रतलाम
⚫ मोना पति नरेश बसोड (30) निवासी न्यू रेलवे कॉलोनी रतलाम
इनकी रही विशेष भूमिका
अंधे कत्ल का पर्दाफाश करने में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक खाखा, नगर पुलिस अधीक्षक श्री घनघोरिया, निरीक्षक सत्येंद्र रघुवंशी, निरीक्षक अय्यूब खान, निरीक्षक पतिराम डावरे, उप निरीक्षक वीडी जोशी, उप निरीक्षक अनुराग यादव, पंकज राजपुत, आरक्षक रवि चंदेल, अभिषेक पाठक, मनीष खराडी, प्रधान आरक्षक राहुल जाट, योगेन्द्र सिंह जादौन, आरक्षक विपुल भावसार (सायबर सेल), पवन मेहता, संजय सोनी, शुभमसिंह चौहान की विशेष भूमिका रही ।
इनकी रही सराहनीय भूमिका
इस कार्रवाई में निरीक्षक सुरेन्द्र गडरिया, प्रकाश गडरिया, विक्रम सिंह चौहान, अमित कोरी, जितेन्द्र सिंह जादौन, गायत्री सोनी, उप निरीक्षक ध्यान सिंह सोलंकी, देवीलाल पाटीदार, कुलदीप देथलिया, जीवन बारिया, विनोद कटारा, शिव नामदेव, प्रधान आरक्षक मनमोहन शर्मा, (सायबर सेल रतलाम), लक्ष्मीनारायण सुर्यवंशी, हिम्मतसिंह, बलराम पाटीदार, जितेन्द्र जायसवाल, , हिमांशु(बॉबी) यादव, विजय पंजाबी, शैलेन्द्रसिंह सोलंकी, नरेंद्र चावड़ा, आशीष धानक, दीपराज, देवेन्द्र कायस्थ, प्रशांत चावला, कपील लोहार, आर अर्जुन खिची, मयंक व्यास, तुषार सिसोदिया, मोरसिंह, अविनाश मिश्रा की सराहनीय भूमिका रही।
Hemant Bhatt