सामाजिक सरोकार : सामाजिक परिवर्तन के अभियानों को और अधिक मजबूती से बढ़ाएं आगे
⚫ मध्य प्रदेश जन अभियान परिषद के उपाध्यक्ष मोहन नागर ने कहा
⚫ प्रदेश के सभी 55 हजार ग्रामों तक जन अभियान परिषद के संगठनात्मक ढाँचे को करेंगे सुदृढ़
हरमुद्दा
रतलाम, 2 दिसंबर। सभी संस्थाएं ग्राम स्तर पर जल संरक्षण, नेतृत्व विकास, युवा सहभागिता तथा सामाजिक परिवर्तन के अभियानों को और अधिक मजबूती से आगे बढ़ाएं। नवांकुर सखी अभियान, युवा जन अभियान, माटी गणेश अभियान सहित परिषद के अन्य सामाजिक अभियानों को गाँव–गाँव तक विस्तार दिया जाएगा, जिससे समाज आधारित विकास और अधिक प्रभावी होगा।

यह विचार मध्य प्रदेश जन अभियान परिषद के उपाध्यक्ष मोहन नागर ने कही। श्री नागर मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद जिला रतलाम के तत्वावधान में विकासखंड समन्वयकों, परामर्शदाताओं एवं नवांकुर संस्थाओं की कार्ययोजना पर उत्कृष्ट विद्यालय हुई बैठक में मौजूद थे। श्री नागर ने कहा कि आगामी वर्षों में जन अभियान परिषद के संगठनात्मक ढाँचे को प्रदेश के सभी 55 हजार ग्रामों तक सुदृढ़ किया जाएगा।
समुदाय आधारित कार्यों को मिलता है बढ़ावा
सीएमसीएलडीपी के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह कार्यक्रम ग्रामीण नेतृत्व निर्माण का सशक्त माध्यम है। इसके द्वारा युवाओं, महिलाओं एवं नवांकुर संस्थाओं में नेतृत्व क्षमता, संसाधन प्रबंधन और समुदाय आधारित कार्यों को आगे बढ़ाने की प्रेरणा मिली है।
जल संकट से निपटने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे ग्रामीण क्षेत्र
श्री नागर ने बताया कि बोरी बंधान एक सरल, कम लागत वाला और अत्यंत प्रभावी जल संरक्षण उपाय है, जिसके माध्यम से वर्षाजल संरक्षण बढ़ता है, नालों की गति नियंत्रित होती है और भूजल स्तर में सुधार होता है। यह अभियान जन-सहभागिता का उत्कृष्ट उदाहरण है और ग्रामीण क्षेत्रों में जल संकट से निपटने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
यह थे मौजूद
बैठक में संभाग समन्वयक शिवप्रसाद मालवीय, जिला समन्वयक रत्नेश विजयवर्गीय, उत्कृष्ट विद्यालय के प्राचार्य सुभाष कुमावत, क्षेत्रीय पार्षद अनीता कटारा, समाजसेवी गोविंद काकानी, गोपाल काकानी, पर्यावरणविद डॉ. खुशाल सिंह पुरोहित सहित सभी नवांकुर संस्थाओं के प्रतिनिधि एवं परामर्शदाता उपस्थित रहे।
Hemant Bhatt