न्यायालय का फैसला : इप्का फैक्ट्री के पास रात्रि में तीर्थ यात्रियों से लूट करने वाले को न्यायालय ने सुनाई सजा

न्यायालय का फैसला : इप्का फैक्ट्री के पास रात्रि में तीर्थ यात्रियों से लूट करने वाले को न्यायालय ने सुनाई सजा

मामला अगस्त 2015 का

⚫ तीन में से एक आरोपी की मौत

⚫ लूट के आभूषण खरीदने वाली लक्ष्मीबाई को किया दोष मुक्त

हरमुद्दा
रतलाम, 8 मई। इप्का फैक्ट्री व घोसवास के बीच फोरलेन पर मिनीबस में बैठे यात्रियों से लूट के मामले में सप्तम अपर सत्र न्यायाधीश राजेश नामदेव ने आरोपी किशन पिता गलिया भील, राजेश पिता भूदरा को न्यायालय ने पांच - पांच वर्ष का कारावास व पांच - पांच हजार के जुर्माने से दंडित किया। एक आरोपी की मृत्यु हो गई वहीं आभूषण खरीदने वाली लक्ष्मीबाई को न्यायालय द्वारा साक्ष्य के अभाव में दोष मुक्त कर दिया है। प्रकरण में पैरवी अपर लोक अभियोजन समरथ पाटीदार ने की।

एडीपीओ शिव मनावरे ने बताया कि अपर लोक अभियोजन एवं शासकीय अधिवक्ता समरथ पाटीदार ने बताया कि 26 अगस्त 2015 को फरियादी भेरूलाल धाकड़ निवासी जावरा ने पुलिस थाना नामली पर रिपोर्ट दर्ज कराई थी। वह 20 अगस्त 2015 को मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना के अंतर्गत रतलाम से ट्रेन में बैठकर जगन्नाथ पुरी दर्शन करने गया था। साथ में जावरा से उसकी पत्नी कमलाबाई धाकड़, रामकन्याबाई, कृष्णा कंवर, मनीराम, निहाल कुंवर, देवीसिंह शिवकुमार, श्यामाबाई, फूलाबाई, कमलाबाई, मोहनसिंह सभी निवासीगण जावरा के साथ थे।  

वह बदल रहा था टायर

घटना 26 अगस्त 2015 को रात्रि के लगभग 11:30 बजे ट्रेन से रतलाम उतरे व जावरा फाटक से कंपनी की नई गाड़ी मिनी बस में बैठकर जावरा के लिए रवाना हुए थे। जैसे ही बस से इप्का फैक्ट्री से थोड़ा आगे पहुंचे तो बस का टायर अचानक पंचर होने से ड्राइवर आरिफ शेख बस को इफ़्का फैक्ट्री व धोसवास के बीच फोरलेन रोड के किनारे बाएं तरफ खड़ी करके बस का टायर बदलने लगा।

अचानक खेत की तरफ से दो लोग

 तभी लगभग रात्रि 1 बजे अचानक खेत की तरफ से दो लोग लाठी लेकर व दो लोग इफका फैक्ट्री की तरफ से डराते हुए आए और आते ही मारपीट व छीना झपटी शुरू कर दी। इनमें से दो बदमाशों ने उसके साथ डंडे से मारपीट की। उसे घसीटकर खेत की तरफ ले गए और उसकी जेब से जबरन 4500 रुपए निकाल लिए। मारपीट से उसे बाय पैर के घुटने और पीठ पर चोट लगी।

बस में बैठी महिलाओं से ले गए छीन कर आभूषण

 दो बदमाशों ने बस के अंदर बैठी महिलाएं रामकन्याबाई, कृष्णा कुवर, कमलाबाई, निहाल कुंवर, शिवकुंवर, श्यामाबाई, फूलाबाई व कमलाबाई से छीना झपटी की व इन बदमाशों ने रामकन्या बाई के कान के सोने के टॉप्स पड़कर खींच लिए जिससे रामकन्या बाई को भी कान पर चोट लगी है। उक्त बदमाशों ने कृष्णा कंवर के कान की 5 ग्राम की सोने की बाली व खोटा मंगलसूत्र, मनीराम  गवली के सोने के ताबीज वजनी डेड ग्राम एक चांदी का कड़ा, एक चांदी की अंगूठी व 2500 रुपए नगदी, देवीसिंह राजपूत से एक पर्स लेदर का एक झोला जिसमें पहनने के कपड़े, कमलाबाई का एक झोला व 1500 रुपए नगदी, और मोहनसिंह राजपूत से 400 रुपए नगदी डरा व धमकाकर छीन लिए। यह सभी बदमाश 25 से 30 वर्ष की उम्र के होकर बनियान व पेंट पहन रखा था व मुंह पर कपड़ा बांध रखा था।

अज्ञात आरोपी के विरुद्ध किया प्रकरण दर्ज

उक्त रिपोर्ट के आधार पर अज्ञात आरोपी के विरुद्ध पुलिस थाना नामली में रिपोर्ट दर्ज की गई। विवेचना के दौरान थाना प्रभारी आर.सी. दांगी ने 1 सितंबर 2015 को  मुखबिर सूचना के आधार राजेश के घर माछलियां पहुंचकर आरोपी किशन पिता गलिया भील निवासी बामनिया नाका बदनावर जिला धार व राजेश पिता भूदरा वाखला निवासी मछलियां बाखला फलीजा और भूदरा को गिरफ्तार किया गया। 

लूट की वस्तुएं खरीदने वाली लक्ष्मी बाई को किया गिरफ्तार

लूटी हुई वस्तुएं खरीदने के आरोप में ग्राम राजगढ़ थाना सरदारपुर भूई मोहल्ला निवासी लक्ष्मीबाई को भी गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तारी उपरांत आरोपी से पूछताछ कर उनसे घटना में लूटी हुई सामग्री एक सोने की बाली, एक लोहे के हथौड़ी, मंगलसूत्र, एक जोड़े सोने के टॉप्स, एक चांदी की अंगूठी जब्त किए गए। 

पार्षद ने की आभूषण की पहचान

जब्त किए गए आभूषणों की पहचान नगर परिषद नामली के तत्कालीन पार्षद श्रीनाथ योगी से कराई गई।  पुलिस द्वारा संपूर्ण विवेचना पूर्ण कर अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया था। 

एक आरोपी की हुई मौत, अन्य को दी सजा

इस दौरान आरोपी भूदरा की मृत्यु हो गई। अन्य आरोपी लक्ष्मीबाई को न्यायालय द्वारा साक्ष्य के अभाव में दोष मुक्त कर दिया है। आरोपी किशन पिता गलिया भील निवासी बामनिया नाका बदनावर जिला धार व राजेश पिता भूदरा वाखला निवासी मछलियां बाखला फलीजा को सजा सुनाई।