झपकी ने ली 8 की जान: दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर बड़ा हादसा
⚫ खाटू श्याम जा रहे श्रद्धालुओं की ट्रैवलर नाले में गिरी
⚫ मृतक और घायल है आपस में रिश्तेदार
हरमुद्दा
कोटा, 17 अक्टूबर। राजस्थान के कोटा जिले में दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर शनिवार सुबह एक बड़ा सड़क हादसा हो गया। तेज रफ्तार ट्रैवलर के चालक को नींद की झपकी आने से वाहन अनियंत्रित होकर पुलिया की रेलिंग तोड़ते हुए करीब 20 फीट नीचे बरसाती नाले में जा गिरा। इस दर्दनाक हादसे में 8 लोगों की मौत हो गई, जबकि 15 अन्य गंभीर रूप से घायल हैं। सभी पीड़ित मध्य प्रदेश के बैतूल जिले के रहने वाले हैं और आपस में रिश्तेदार व पारिवारिक दोस्त हैं, जो सीकर के रींगस स्थित खाटू श्याम जी के दर्शन के लिए निकले थे।

हादसे से जुड़ी मुख्य बातें
घटना स्थल: सीमलिया थाना क्षेत्र, दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे (कोटा, राजस्थान)।
समय: शनिवार सुबह करीब 7:00 बजे।
कारण: तेज रफ्तार वाहन के चालक को अचानक नींद की झपकी आना और नियंत्रण छूटना।
क्षति: 8 लोगों की मौके पर/अस्पताल में मृत्यु, 15 घायल (कुछ की स्थिति गंभीर)।
कैसे हुआ हादसा?
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, मध्य प्रदेश के बैतूल से पर्यटकों से भरी एक ट्रैवलर शुक्रवार रात को खाटू श्याम जी के लिए रवाना हुई थी। शनिवार सुबह करीब 7 बजे वाहन ने कराड़िया टोल प्लाजा पार किया और सुल्तानपुर की ओर बढ़ रहा था। इसी दौरान, वाहन की रफ्तार अत्यधिक तेज थी और चालक को झपकी आ गई। पलक झपकते ही चालक ने गाड़ी से नियंत्रण खो दिया और ट्रैवलर सड़क पर लगे मजबूत डिवाइडर को तोड़ते हुए पुलिया के बीच से सीधे 20 फीट नीचे नाले में जा गिरी। टक्कर इतनी भयानक थी कि ट्रैवलर का अगला हिस्सा पूरी तरह चकनाचूर हो गया।
मृतकों और घायलों का विवरण
इस दुर्घटना में जान गंवाने वाले 8 लोगों में वैष्णवी, तृषा, अरुणा, कृष्णा, अनीता, ओम सूर्यवंशी और अज्ञात ड्राइवर (शव मेडिकल कॉलेज के नए अस्पताल में)। रानू बोड़वे (निवासी: राजीव नगर, भोपाल) - इनकी मौत एमबीएस अस्पताल में हुई।
घायल यात्री: मेडिकल कॉलेज के नए अस्पताल में भर्ती: हेमलता गायकवाड, अजय, वंशिका, मोनिशा, चित्रेश और सारांश।
एमबीएस अस्पताल में भर्ती: चेतन, क्रिश्वी, वैदेही, नीलू गुडके, संतोष, वर्षा और कमलेश।
रेस्क्यू ऑपरेशन और राहत कार्य

ग्रामीणों और पुलिस की त्वरित मदद: हादसे की तेज आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण और राहगीर तुरंत मदद के लिए दौड़े।
प्रशासन की टीम: सूचना मिलते ही सीमलिया थाना पुलिस, एनएचएआई (NHAI) की रेस्क्यू टीम और 108 एम्बुलेंस मौके पर पहुंची।
मुश्किल रेस्क्यू: ट्रैवलर के 20 फीट गहरे नाले में गिरने और बुरी तरह फंसने के कारण यात्रियों को बाहर निकालने में भारी मशक्कत करनी पड़ी। पुलिसकर्मियों और बचाव दल ने कड़ी मेहनत के बाद घायलों और शवों को बाहर निकाला।
अस्पताल में भर्ती: सभी घायलों को तुरंत एम्बुलेंस के जरिए कोटा के मेडिकल कॉलेज के नए अस्पताल और एमबीएस हॉस्पिटल पहुंचाया गया।
मुद्दे की बात और सुरक्षा संदेश
यह दर्दनाक हादसा एक बार फिर यह चेतावनी देता है कि लंबी दूरी की यात्रा या रात के सफर के दौरान ड्राइवर को पर्याप्त आराम मिलना चाहिए। वाहन चलाने से भी थकावट होती और नींद आती है। जरा सी लापरवाही और झपकी कई हंसते-खेलते परिवारों को उजाड़ सकती है। वाहन चलाते समय गति नियंत्रण और सतर्कता बेहद जरूरी है।
Hemant Bhatt