रेलयात्री सरोकार : चलती ट्रेन में दिया बेटी को जन्म, रेलवे से मिला समय पर सहयोग
⚫ गर्भवती जा रही थी सूरत से दिल्ली
⚫ पश्चिम रेलवे के रतलाम मंडल में नजर आई संवेदनशीलता
⚫ खाचरोद स्टेशन पर उतारकर पहुंचाया अस्पताल
हरमुद्दा
रतलाम, 2 जुलाई। पश्चिम रेलवे के रतलाम मंडल पर यात्रियों की सुरक्षा एवं सहायता के प्रति संवेदनशीलता का एक सराहनीय उदाहरण उस समय देखने को मिला, जब गाड़ी संख्या 12925 में यात्रा कर रही एक महिला यात्री ने चलती ट्रेन में ही एक नवजात बच्ची को जन्म दिया।

पश्चिम रेलवे के रतलाम मंडल जनसंपर्क अधिकारी मुकेश कुमार ने बताया कि गाड़ी संख्या 12925 रतलाम से खाचरोद के मध्य चल रही थी। इसी दौरान एक यात्री द्वारा सूचना दी गई कि एस-6 कोच के शौचालय में एक महिला यात्री को प्रसव पीड़ा होने के बाद डिलीवरी हो गई है।

उपलब्ध करवाई प्राथमिक राहत
सूचना मिलते ही संबंधित रेलवे कर्मचारी तत्काल एस-6 कोच में पहुंचे तथा महिला यात्री को आवश्यक सहायता प्रदान की।
घटना की जानकारी तुरंत सीएमआई/सीसीओ, रतलाम को दी गई। साथ ही, कोच में मौजूद यात्रियों के सहयोग से प्रसूता महिला एवं नवजात बच्ची के लिए सूखे कपड़े तथा कंबल की व्यवस्था कर उन्हें प्राथमिक राहत उपलब्ध कराई गई।
खाचरोद स्टेशन पर की गई आवश्यक तैयारियां
इसके पश्चात खाचरोद रेलवे स्टेशन पर ऑन ड्यूटी स्टेशन मास्टर एवं अन्य रेलवे कर्मचारियों को पूर्व सूचना देकर आवश्यक तैयारियां सुनिश्चित की गईं। ट्रेन के खाचरोद स्टेशन पहुंचने पर प्रसूता महिला, उसकी नवजात बच्ची तथा महिला के ससुर को रेलवे कर्मचारियों की सहायता से सुरक्षित रूप से उतारकर तत्काल आवश्यक चिकित्सकीय उपचार के लिए भेजा गया।
नवजात तो मिली सुरक्षित सहायता
महिला सूरत से नई दिल्ली की यात्रा कर रही थीं। पश्चिम रेलवे के रतलाम मंडल द्वारा समय पर की गई त्वरित कार्रवाई, रेलवे कर्मचारियों की संवेदनशीलता तथा सहयात्रियों के सहयोग से प्रसूता महिला एवं नवजात बच्ची को सुरक्षित सहायता उपलब्ध कराई जा सकी। यह घटना रेलवे की मानवीय सेवा एवं यात्रियों की सुरक्षा के प्रति उसकी प्रतिबद्धता को पुनः रेखांकित करती है।
Hemant Bhatt