फोरलेन पर अनिल सरिता उपाध्याय दम्पति से डकैती के 7 आरोपियों को 10-10 साल की सजा
⚫ रतलाम न्यायालय का बड़ा फैसला, ₹40-40 हजार का जुर्माना भी ठोका
⚫ पीड़ित दम्पति को मिलेगा ₹1 लाख का मुआवजा
⚫ मामला 2024 का
हरमुद्दा
रतलाम, 3 अगस्त। रतलाम के बहुचर्चित फोरलेन अनिल सरिता उपाध्याय दंपति के साथ डकैती और मारपीट मामले में सप्तम अपर सत्र न्यायाधीश राजेश नामदेव की अदालत ने कड़ा फैसला सुनाया है। न्यायालय ने मामले के सभी 7 आरोपियों को दोषी ठहराते हुए 10-10 वर्ष के सश्रम कारावास और 40-40 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। जुर्माने की कुल राशि में से 1 लाख रुपए पीड़ित दम्पति को मुआवजे के रूप में दिए जाने का आदेश भी जारी किया गया है।

अपर लोक अभियोजक एवं शासकीय अधिवक्ता समरथ पाटीदार ने हरमुद्दा को बताया कि सजा पाने वाले सभी आरोपी जिला उज्जैन के थाना भाटपचलाना अंतर्गत ग्राम कल्याणपुरा के निवासी हैं।
सजा पाने वाले आरोपी
⚫ राकेश (24 वर्ष), पिता रामचंद्र चंद्रवंशी
⚫ विकास उर्फ विक्की (22 वर्ष), पिता कैलाश चौहान
⚫ दिलीप (27 वर्ष), पिता देवी सिंह परमार
⚫ संजय (24 वर्ष), पिता कैलाश चौहान
⚫ वीरेंद्र (24 वर्ष), पिता राधेश्याम परमार
⚫ रवि (24 वर्ष), पिता शांतिलाल परमार
⚫ विक्रम (30 वर्ष), पिता बाबूलाल बोडाना
(पूर्व में जमानत पर रिहा चल रहे सभी आरोपियों को सजा सुनाए जाने के तुरंत बाद कस्टडी में लेकर जेल भेज दिया गया है।)
यह हुआ था 26 जून की रात को
पैरवी करने वाले अभिभाषक श्री पाटीदार ने बताया कि घटना 26 जून 2024 की रात करीब 11:00 बजे की है। फरियादी अनिल उपाध्याय अपनी पत्नी सरिता उपाध्याय के साथ मोटरसाइकिल से बालाजी हनुमान मंदिर के दर्शन कर महू-नीमच फोरलेन की तरफ घूमने गए थे। मांगरोल फंटे से वापस लौटते समय नोबल स्कूल के पास दो मोटरसाइकिलों पर सवार बदमाशों ने उनकी बाइक के आगे अपनी गाड़ी लगाकर उन्हें गिरा दिया।
इसके बाद बदमाशों ने डंडे और पत्थरों से दम्पति के साथ बेरहमी से मारपीट की और उन्हें जबरन खींचकर सड़क किनारे खेत में ले गए। सोने-चांदी के गहने, नकदी और दस्तावेज लूटे थे। आरोपियों ने दम्पति से मारपीट करते हुए जान से मारने की धमकी दी।
यह सभी सामान छीन लिया
आभूषण: सोने की बालियां, मंगलसूत्र, सोने के टॉप्स, नाक की बाली, चांदी की पायजेब व चूड़ियां।
अन्य सामान: एंड्रॉइड मोबाइल, पर्स, 20 हजार रुपये नकद, एटीएम कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस व पहचान पत्र।
वारदात के बाद बदमाश पीड़ित की मोटरसाइकिल भी थोड़ी दूर ले जाकर छोड़ गए थे।
इस तरह पकड़े गए थे आरोपी
पीड़ित दम्पति ने राहगीरों और पेट्रोल पंप कर्मचारियों की मदद से 'डायल 100' को सूचना दी। अस्पताल में इलाज के बाद पुलिस चौकी सालाखेड़ी में मामला दर्ज कराया गया। मुखबिर की सूचना पर 23 जुलाई 2024 को सालाखेड़ी चौकी प्रभारी मुकेश यादव ने मुखबिर की सूचना पर मुख्य आरोपी राकेश को गिरफ्तार किया। सामान बरामदगी व शिनाख्त: राकेश की पूछताछ के आधार पर आरोपियों को गिरफ्तार किया गया और उनके पास से लूटा गया माल बरामद किया गया।
सभी को दिया जेल भेजने का आदेश
न्यायालय ने सभी आरोपियों को डकैती और मारपीट का दोषी पाते हुए जेल भेजने का आदेश दिया।
Hemant Bhatt