रतलाम में अंतरजिला चोर गिरोह का पर्दाफाश 

रतलाम में अंतरजिला चोर गिरोह का पर्दाफाश 

अलीराजपुर का बदमाश गिरफ्तार

⚫ 20-25 बदमाशों का नेटवर्क बेनकाब

हरमुद्दा
​रतलाम, 6 सितंबर। जिले में चोरी की बढ़ती वारदातों पर अंकुश लगाने और संपत्ति संबंधी अपराधों पर नकेल कसने के लिए पुलिस अधीक्षक अमित कुमार (IPS) के निर्देश पर रतलाम पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। औद्योगिक क्षेत्र थाना पुलिस ने मुखबिर की सूचना और तकनीकी सर्विलांस के आधार पर अंतरजिला चोर गिरोह के एक सक्रिय सदस्य को गिरफ्तार किया है।

पत्रकार वार्ता में जानकारी देते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री पन्द्रों। समीप है उप पुलिस अधीक्षक गायत्री सोनी


​औद्योगिक थाना पर हुई पत्रकार वार्ता में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर) राकेश कुमार पन्द्रो ने बताया कि विशेष पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए अलीराजपुर जिले के निवासी मुन्ना गणावा (31 वर्ष) को हिरासत में लिया। पत्रकार वार्ता में औद्योगिक थाना प्रभारी एवं उप पुलिस अधीक्षक गायत्री सोनी भी मौजूद रही
​पूछताछ में बड़ा खुलासा: 20-25 बदमाशों की टीमें सक्रिय
​आरोपी मुन्ना गणावा से कड़ाई से की गई पूछताछ में अंतरजिला चोर गिरोह का सनसनीखेज नेटवर्क उजागर हुआ है।

संगठित गिरोह: बोरी (जिला अलीराजपुर) और टांडा (जिला धार) क्षेत्र के लगभग 20 से 25 बदमाश अलग-अलग टीमें बनाकर विभिन्न जिलों में चोरी की वारदातों को अंजाम देते थे।
​सह-आरोपी की पहचान: आरोपी ने अपने साथी प्यारसिंह बामनिया (निवासी करचट, थाना टांडा, जिला धार) की संलिप्तता का भी खुलासा किया है, जिसकी तलाश में पुलिस जुट गई है।
​दर्ज अपराध: आरोपी मुन्ना के खिलाफ औद्योगिक क्षेत्र थाने में अपराध क्रमांक 95/2026, धारा 331(4), 305(ए) BNS के तहत मामला दर्ज कर उसे विधिवत गिरफ्तार किया गया है।

आपराधिक पृष्ठभूमि और पुलिस रिमांड

गिरफ्तार आरोपी मुन्ना गणावा का पूर्व से ही आपराधिक रिकॉर्ड रहा है। उसके खिलाफ थाना बोरी (जिला अलीराजपुर) में मारपीट, महिला संबंधी अपराध के 2 मामले और चोरी का 1 मामला दर्ज है। पुलिस आरोपी को न्यायालय में पेश कर पुलिस रिमांड हासिल करेगी, जिससे चोरी गए माल की बरामदगी और गिरोह के अन्य सदस्यों की गिरफ्तारी संभव हो सके।

पुलिस टीम की सराहनीय भूमिका

इस कार्रवाई को अंजाम देने में पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों का विशेष योगदान रहा।
​महत्वपूर्ण भूमिका: उनि. ध्यानसिंह सोलंकी, प्र.आर. अनिल सोलंकी, प्र.आर. दिलीप रावत (थाना नामली), आर. रवि चंदेल एवं आर. गोविन्द गेहलोत।
​सराहनीय सहयोग: उपुअ. गायत्री सोनी, उनि. उदयभान राय, प्र.आर. राधूसिंह भिड़े, आर. मयंक जाटव, आर. पवन तथा सायबर सेल से उनि. जीवन बारिया एवं उनकी टीम।

दी जा रही दबिश

​रतलाम पुलिस द्वारा तकनीकी साक्ष्यों, सीसीटीवी फुटेज और मुखबिर तंत्र के जरिए गिरोह से जुड़े अन्य संदिग्धों को चिन्हित कर लगातार दबिश दी जा रही है।