रतलाम जिले में मानसून मेहरबान:  जावरा और पिपलोदा में झमाझम बरसा अमृत

रतलाम जिले में मानसून मेहरबान:  जावरा और पिपलोदा में झमाझम बरसा अमृत

किसानों के चेहरों पर आई रौनक

⚫ सर्वाधिक जावरा में 3 इंच से अधिक बारिश

⚫ रतलाम, रावटी, बाजना को पांच-पांच मिलीमीटर बारिश से करना पड़ा संतोष

हरमुद्दा
​रतलाम, 23 जुलाई। जिले भर में मानसून की रफ्तार पकड़ने के साथ ही किसानों के चेहरे खिल उठे हैं और आमजन को भीषण गर्मी व उमस से बड़ी राहत मिली है। बीते 24 घंटों में जिले में औसतन 30.63 मिमी बारिश दर्ज की गई है। इसके साथ ही 1 जून से अब तक की कुल औसत बारिश का आंकड़ा 267.63 मिमी तक पहुँच गया है। 


​ गुरुवार सुबह 8 बजे तक बीते 24 घंटे में जिले में अच्छी बारिश हुई। बारिश से तापमान में भी गिरावट आई है। खेती-किसानी के लिहाज से यह बारिश बेहद लाभदायक मानी जा रही है। विशेषकर सोयाबीन, मक्का और अन्य खरीफ फसलों के लिए यह बारिश 'अमृत' समान साबित हो रही है।

जावरा और पिपलोदा में सबसे तेज़ बारिश

पिछले 24 घंटों में जावरा (78 मिमी) और पिपलोदा (72 मिमी) में झमाझम बारिश दर्ज की गई, जिससे वहाँ के जल निकायों में जलस्तर बढ़ा है।

पिपलोदा कुल बारिश में अव्वल 

सीजन की कुल बारिश की बात करें तो पिपलोदा तहसील 340 मिमी बारिश के साथ पूरे जिले में सबसे आगे चल रही है।

​रतलाम और आलोट भी पीछे नहीं

रतलाम तहसील (339 मिमी) और आलोट (314 मिमी) में भी अब तक संतोषजनक और अच्छी बारिश दर्ज की जा चुकी है।


​किसानों के चेहरों पर आई रौनक

प्रगतिशील काश्तकार सतीश राठौर और मन्नू गवली कहना है कि वर्तमान में हो रही यह बारिश बोवनी हो चुकी फसलों के विकास के लिए बेहद बेहतर है। कुओं और भू-जल स्तर में सुधार होने से आने वाले समय में पेयजल और सिंचाई की स्थिति और बेहतर होगी।